AI का शिकार हुईं इटली PM Giorgia Meloni, वायरल हुई अश्लील Deepfake Photo! सामने आया चौंकाने वाला रिएक्शन
Giorgia Meloni Deepfake Viral Photo: दुनिया में AI तकनीक ने जहां लोगों को कई तरह की सुविधाएं देने का काम किया है, तो दूसरी ओर इसका लोगों पर बुरा असर भी पड़ा है। ऐसे में अब इस तकनीक का शिकार इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी (Giorgia Meloni) भी हुई हैं। दरअसल उन्होंने हाल ही में एआई और डीपफेक तकनीक मुद्दे पर गंभीर चिंता जताते हुए बताया कि उनकी कई नकली तस्वीरें सोशल मीडिया पर असली बताकर वायरल की जा रही हैं। यह घटना सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि एक बड़े खतरे की ओर इशारा करती है जो किसी को भी प्रभावित कर सकता है।
जॉर्जिया मेलोनी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी प्रतिक्रिया साझा करते हुए कहा कि हाल के दिनों में उनकी कई फर्जी (Giorgia Meloni Viral Photo) तस्वीरें बनाई गई हैं। ये तस्वीरें कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की मदद से तैयार की गई हैं और कुछ लोग इन्हें सच बताकर फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने हल्के व्यंग्य में कहा कि तस्वीर बनाने वाले ने उनकी छवि को बेहतर दिखाया है, लेकिन यह स्थिति मजाक की नहीं बल्कि चिंता की है। मेलोनी के अनुसार, आज के समय में गलत जानकारी फैलाने और किसी की छवि खराब करने के लिए तकनीक का तेजी से इस्तेमाल हो रहा है।
Girano in questi giorni diverse mie foto false, generate con l’intelligenza artificiale e spacciate per vere da qualche solerte oppositore.
Devo riconoscere che chi le ha realizzate, almeno nel caso in allegato, mi ha anche migliorata parecchio. Ma resta il fatto che, pur di… pic.twitter.com/or44qru2qj
— Giorgia Meloni (@GiorgiaMeloni) May 5, 2026
Giorgia Meloni Deepfake Viral Photo: डीपफेक क्यों है खतरनाक?

मेलोनी ने डीपफेक तकनीक को एक खतरनाक हथियार बताया। उनका कहना है कि इसके जरिए किसी को भी आसानी से धोखा दिया जा सकता है। नकली तस्वीरें और वीडियो देखकर लोग भ्रमित हो जाते हैं और बिना जांचे-परखे उन्हें सच मान लेते हैं। उन्होंने कहा कि वह खुद अपनी सुरक्षा कर सकती हैं, लेकिन आम लोग इतनी आसानी से खुद को नहीं बचा पाते। यही वजह है कि डीपफेक का खतरा समाज के हर वर्ग के लिए गंभीर बनता जा रहा है।
Giorgia Meloni in Bikini: लोगों से क्या अपील की?

मेलोनी ने लोगों से खास अपील करते हुए कहा कि किसी भी फोटो या वीडियो पर भरोसा करने से पहले उसकी सच्चाई जरूर जांच लें। उन्होंने यह भी कहा कि बिना पुष्टि किए किसी भी कंटेंट को शेयर करना गलत है और इससे नुकसान हो सकता है। उनका संदेश साफ था—“पहले जांच करें, फिर भरोसा करें, और उसके बाद ही शेयर करें।” उन्होंने चेतावनी दी कि आज जो उनके साथ हुआ है, वह कल किसी और के साथ भी हो सकता है।
तेजी से बढ़ रहा खतरा
डीपफेक का खतरा सिर्फ इटली तक सीमित नहीं है। भारत में भी कई मशहूर हस्तियां इसका शिकार हो चुकी हैं। अभिनेत्री Rashmika Mandanna के नाम से एक फर्जी वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें किसी और के शरीर पर उनका चेहरा लगा दिया गया था। बाद में यह स्पष्ट हुआ कि वीडियो पूरी तरह से नकली था। इसी तरह अभिनेता Aamir Khan का भी एक डीपफेक वीडियो सामने आया था, जिसमें उन्हें एक राजनीतिक पार्टी का समर्थन करते हुए दिखाया गया था। बाद में उनकी टीम ने इसे झूठा करार दिया।
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