INX मीडिया मामला : चिदंबरम की जमानत याचिका पर SC का ED को नोटिस

उच्चतम न्यायालय ने आईएनएक्स मीडिया धन शोधन मामले में तिहाड़ जेल में बंद पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की जमानत याचिका पर बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय को नोटिस जारी किया। चिदंबरम ने याचिका में उन्हें जमानत देने से इंकार करने के दिल्ली उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती दी है। 

न्यायमूर्ति आर भानुमति, न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति ऋषिकेश राय की तीन सदस्यीय पीठ ने चिदंबरम की अपील पर संक्षिप्त सुनवाई के बाद यह नोटिस जारी किया। प्रवर्तन निदेशालय को 25 नवंबर तक नोटिस का जवाब देना है। इस मामले में अब 26 नवंबर को आगे की सुनवाई होगी। 

पूरे देश में लागू होगा NRC, किसी को भी डरने की जरूरत नहीं : अमित शाह

चिदंबरम की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि वह पिछले 91 दिन से हिरासत में हैं। उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय ने अपने आदेश में इस तथ्य का जिक्र किया है कि चिदंबरम के न तो भागने का खतरा है और न ही वह गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं या साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘इन तीन बिन्दुओं पर उच्च न्यायालय का आदेश हमारे पक्ष में है।’’ पीठ ने कहा कि वह प्रवर्तन निदेशालय को नोटिस जारी करेगी और इस अपील पर उसका जवाब चाहेगी। 

प्रवर्तन निदेशालय की ओर से सालिसीटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि वह 25 नवंबर तक जवाब दाखिल कर देंगे। मेहता ने कहा कि इस मामले में 26 नवंबर को दलीलें सुनी जा सकती हैं क्योंकि उस दिन शीर्ष अदालत में ही एक अलग मामले में संविधान पीठ के समक्ष उन्हें उपस्थित होना है। पीठ ने कहा, ‘‘आप अपना जवाब दाखिल कीजिये। हम 26 नवंबर को देखेंगे।’’ 

CM ममता का अमित शाह पर पलटवार, कहा- बंगाल में एनआरसी को नहीं लागू होने देंगे

शीर्ष अदालत ने इसके साथ ही चिदंबरम की अपील 26 नवंबर के लिये सूचीबद्ध करते हुये मेहता से कहा कि इस बीच प्रवर्तन निदेशालय का जवाब दाखिल कीजिये। चिदंबरम ने शीर्ष अदालत में दायर अपील में उन्हें जमानत देने से इंकार करने संबंधी उच्च न्यायालय के आदेश को त्रुटिपूर्ण बताते हुये इसे निरस्त करने का अनुरोध किया है। 

चिदंबरम ने दावा किया है कि प्रवर्तन निदेशालय शुरू से ही गलत और संदिग्ध तरीकों से उन्हें लंबे समय तक बंद रखना चाहता है और वह कभी भी सही वजह से उन्हें हिरासत में नहीं लेना चाहता था। उच्च न्यायालय ने 15 नवंबर को चिदंबरम की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि पहली नजर में चिदंबरम के खिलाफ आरोप गंभीर हैं और उन्होंने इस अपराध में ‘सक्रिय तथा मुख्य भूमिका’ निभाई थी। 

महाराष्ट्र में जारी सियासी घमासान के बीच NCP प्रमुख शरद पवार ने PM मोदी से की मुलाकात

अदालत ने कहा था कि इस तरह के आर्थिक अपराध के मामले में चिदंबरम को जमानत देने से जनता में गलत संदेश जायेगा। कांग्रेस के 74 वर्षीय नेता चिदंबरम को प्रवर्तन निदेशालय ने धन शोधन के मामले में 16 अक्टूबर को गिरफ्तार किया था और इस समय वह निचली अदालत के आदेश पर 27 नवंबर तक के लिये न्यायिक हिरासत में हैं। इससे पहले, सीबीआई ने चिदंबरम को 21 अगस्त को आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में गिरफ्तार किया था। इस मामले में उन्हें उच्चतम न्यायालय ने 22 अक्टूबर को जमानत दे दी थी लेकिन इससे पहले ही प्रवर्तन निदेशालय ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। 

सीबीआई ने 15 मई 2017 को दर्ज मामले में आरोप लगाया है कि वित्त मंत्री के रूप में चिदंबरम के कार्यकाल के दौरान 2007 में विदेशी निवेश संवर्द्धन बोर्ड द्वारा आईएनएक्स मीडिया समूह को विदेश से 305 करोड़ रुपये का धन प्राप्त करने की मंजूरी देने में अनियमितताएं हुयीं। इसके बाद प्रवर्तन निदेशालय ने भी 2017 में ही इस संबंध में धनशोधन का मामला दर्ज किया था। 
Tags : Fire,photos,नासा,NASA,residues of crops ,P Chidambaram,INX Media,SC,Enforcement Directorate,Tihar Jail,Supreme Court