+

Maharashtra Assembly Speaker: BJP विधायक राहुल नार्वेकर ने मारी बाजी, 164 वोटों के साथ जीता चुनाव

महाराष्ट्र में भारतीय जनता पार्टी की सत्ता में वापसी होने के बाद पहली बार भाजपा विधायक राहुल नार्वेकर को रविवार को महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष के रूप में चुना गया।
Maharashtra Assembly Speaker: BJP विधायक राहुल नार्वेकर ने मारी बाजी, 164 वोटों के साथ जीता चुनाव
एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के मुख्यमंत्री के रूप में पदभार संभालने और महाराष्ट्र (Maharashtra) में भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party) की सत्ता में वापसी होने के बाद पहली बार भाजपा विधायक राहुल नार्वेकर (Rahul Narwekar) को रविवार को महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष (Maharashtra Assembly Speaker) के रूप में चुना गया। सुबह 11 बजे सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद चुनाव हुआ, विधानसभा में नार्वेकर को 164 वोट मिले। उन्हें शिवसेना (Shiv Sena) विधायक और उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के वफादार राजन साल्वी के खिलाफ मैदान में उतारा गया था, जो विधानसभा अध्यक्ष के चुनाव के लिए शिवसेना-एनसीपी-कांग्रेस गठबंधन के उम्मीदवार थे। 
BJP के नार्वेकर बने विधानसभा अध्यक्ष
बताते चलें कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस राज्य विधानसभा में वोट डालने वाले अन्य विधायकों में शामिल थे। हालांकि, समाजवादी पार्टी (सपा) ने भाजपा उम्मीदवार नार्वेकर के खिलाफ मतदान से परहेज किया। उसके दोनों विधायक अबू आजमी और रईस शेख मतगणना के दौरान बैठे रहे।एआईएमआईएम के विधायक भी मतदान से दूर रहे। वोटिंग के बाद डिप्टी स्पीकर ने कहा कि शिवसेना के विधायकों ने व्हिप के खिलाफ वोट किया था। सारी प्रक्रिया की वीडियो रिकार्डिंग की गई है। 
राहुल नार्वेकर और राजन साल्वी के बीच था मुकाबला 
इसके अलावा, उन्होंने बताया कि भाजपा उम्मीदवार राहुल नार्वेकर ने शिवसेना के उम्मीदवार राजन साल्वी के खिलाफ ध्वनि मत से स्पीकर चुनाव जीता, जिन्हें 107 वोट मिले। बताते चलें कि कांग्रेस के नाना पटोले के इस्तीफा देने के बाद पिछले साल फरवरी से अध्यक्ष का पद खाली था। उपाध्यक्ष नरहरि जिरवाल ही अध्यक्ष के रूप में कार्य कर रहे थे।
शिंदे सरकार का होगा फ्लोर टेस्ट
स्पीकर के चुने जाने के साथ शिंदे सरकार को अगले फ्लोर टेस्ट का सामना करना होगा। शिवसेना-भाजपा सरकार विधानसभा के दो दिवसीय विशेष सत्र के दौरान सोमवार को शक्ति परीक्षण का सामना करेगी। 288 सदस्यीय सदन में छोटे दलों और निर्दलीय के 10 विधायक, साथ ही 106 भाजपा विधायक एकनाथ शिंदे का समर्थन करते हैं। 
जानें सीटों का गणित 
शिवसेना के पास 55, एनसीपी के पास 53, कांग्रेस के पास 44, बीजेपी के पास 106, बहुजन विकास अघाड़ी के पास 3, समाजवादी के पास 2, एआईएमआईएम के पास 2, प्रहार जनशक्ति के पास 1, सीपीआई (एम) के पास 1, पीडब्ल्यूपी के पास 1 स्वाभिमानी पक्ष है। राष्ट्रीय समाज पक्ष के पास 1, जनसुराज्य शक्ति पार्टी के पास १ क्रांतिकारी शेतकारी पार्टी हैं।
पिछले महीने शिवसेना विधायक रमेश लटके के निधन के कारण एक पद रिक्त हो गया है। राकांपा के 2 सदस्य उपमुख्यमंत्री अजीत पवार और खाद्य और नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं, जबकि पार्टी के दो अन्य विधायक अनिल देशमुख और नवाब मलिक वर्तमान में जेल में बंद हैं।
उद्धव ठाकरे या एकनाथ शिंदे किसकी होगी शिवसेना?
फ्लोर टेस्ट से एक दिन पहले मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के इस्तीफे के बाद बुधवार को शिवसेना के नेतृत्व वाली महा विकास अघाड़ी (एमवीए) सरकार गिर गई। गुरुवार को भाजपा के देवेंद्र फडणवीस जिन्होंने उपमुख्यमंत्री के रूप में और एकनाथ शिंदे ने  मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। वहीं अब यह लड़ाई शिवसेना के चुनाव चिन्ह तक जा पहुंची और उद्धव ठाकरे के लिए अस्तित्व बचाने का सवाल खड़ा हो गया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि शिंदे और ठाकरे में से कौन होगा बाला साहेब का उत्तराधिकारी।   

महाठग सुकेश ने तिहाड़ प्रशासन को फिर दिखाया ठेंगा, सुरक्षा व्यवस्था में सेंध लगाकर किया यह 'कारनामा'

facebook twitter instagram