राष्ट्रपति को भेजी गई निर्भया गैंगरेप के दोषी की दया याचिका, गृह मंत्रालय ने की खारिज करने की मांग

गृह मंत्रालय ने राजधानी दिल्ली में साल 2012 में हुए गैंगरेप केस के एक आरोपी ने दया याचिका की फाइल राष्ट्रपति के पास भेज दी है। आरोपियों ने दिल्ली सरकार के सामने अपनी दया याचिका लगाई थी। इससे पहले दिल्ली सरकार ने इस याचिका को खारिज करते हुए अपनी रिपोर्ट गृह मंत्रालय को भेजी थी। जिसके बाद मंत्रालय ने राष्ट्रपति को दया याचिका भेज दी है।गृह मंत्रालय ने इस मामले में दोषी की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश करने वाली फाइल में टिप्पणी भी की है।
अब देश भर की नजरे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद पर हैं कि वह दया याचिका को स्वीकार करते हैं या खारिज कर देते हैं। वहीं निर्भया के माता-पिता ने राष्ट्रपति कार्यालय को पत्र लिख कर एक दोषी विनय शर्मा द्वारा दायर दया याचिका की अस्वीकृति की मांग की है। पत्र में कहा गया है कि यह दया याचिका मौत की सजा से बचने और न्याय के प्रसार में बाधा डालने का एक जानबूझकर प्रयास है। गौरतलब है कि निर्भया गैंगरेप की घटना 16 दिसंबर 2012 को हुई थी। 

अधीर रंजन के बयान पर स्मृति का पलटवार, लोकसभा में बोलीं-रेप को राजनीतिक हथियार बनने वाले दे रहे भाषण

चोटों के चलते बाद में उसकी मौत हो गई थी। इस बर्बर घटना से राष्ट्रव्यापी रोष की लहर छा गई थी और व्यापक स्तर पर विरोध प्रदर्शन हुए थे। निर्भया मामले में दया याचिका को खारिज किए जाने के कदम ऐसे वक्त में उठाया गया है , जब हैदराबाद में 25 वर्षीय एक पशु चिकित्सिका से सामूहिक बलात्कार और उसकी हत्या को लेकर राष्ट्रव्यापी रोष है। 

Tags : Narendra Modi,कांग्रेस,Congress,नरेंद्र मोदी,राहुल गांधी,Rahul Gandhi,punjabkesri ,gang rape convict,President,Home Ministry,spread