+

न्यायालय से संपर्क करने से पहले राज्यपाल को सूचित करने की कोई जरूरत नहीं : येचुरी

संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ उच्चतम न्यायालय जाने के केरल सरकार के कदम का बचाव करते हुए माकपा महासचिव सीताराम येचुरी ने शुक्रवार को कहा कि शीर्ष अदालत जाने से पहले राज्यपाल को सूचित करने की कोई आवश्यकता नहीं है।
न्यायालय से संपर्क करने से पहले राज्यपाल को सूचित करने की कोई जरूरत नहीं : येचुरी
तिरुवनंतपुरम : संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ उच्चतम न्यायालय जाने के केरल सरकार के कदम का बचाव करते हुए माकपा महासचिव सीताराम येचुरी ने शुक्रवार को कहा कि शीर्ष अदालत जाने से पहले राज्यपाल को सूचित करने की कोई आवश्यकता नहीं है। 

येचुरी ने यह भी कहा कि देश संविधान के अनुरूप चलता है और इसे बचाना सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। 

उनकी टिप्पणी तब आई जब केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने दिल्ली में स्पष्ट किया कि वह उच्चतम न्यायालय जाने के कदम के बारे में उन्हें सूचना न देने पर राज्य सरकार से जवाब तलब कर सकते हैं। 

माकपा की केंद्रीय समिति की शुक्रवार से शुरू हुई तीन दिवसीय बैठक में शामिल होने पहुंचे येचुरी ने कहा कि संविधान को बचाना सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। 

उन्होंने कहा, ‘‘संविधान नहीं होगा तो कोई राज्यपाल या कोई सरकार नहीं होगी।’’
facebook twitter