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कौमी इंसाफ मोर्चा का 21 अगस्त को 'पंजाब बंद' का आह्वान, जानें क्या रहेगा खुला और क्या बंद

कौमी इंसाफ मोर्चा ने बंदी सिखों की रिहाई और प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में 21 अगस्त को 'पंजाब बंद' की घोषणा की है। सुबह 7 से दोपहर 2 बजे तक चलने वाले इस बंद को SGPC ने समर्थन दिया है।
12:58 PM Aug 20, 2026 IST | Rohit Singh
कौमी इंसाफ मोर्चा ने बंदी सिखों की रिहाई और प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में 21 अगस्त को 'पंजाब बंद' की घोषणा की है। सुबह 7 से दोपहर 2 बजे तक चलने वाले इस बंद को SGPC ने समर्थन दिया है।
कौमी इंसाफ मोर्चा का 21 अगस्त को  पंजाब बंद  का आह्वान  जानें क्या रहेगा खुला और क्या बंद

Punjab News : कौमी इंसाफ मोर्चा और उससे जुड़े सहयोगी संगठनों ने बंदी सिखों की रिहाई की मांग और हालिया प्रदर्शन के दौरान हुए पुलिस एक्शन के विरोध में 21 अगस्त को 'पंजाब बंद' की घोषणा की है।

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मोर्चा के नेताओं की बैठक के बाद यह फैसला लिया गया। आयोजकों के अनुसार, बंद सुबह 7 बजे से दोपहर 2 बजे तक कुल 7 घंटे रहेगा। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने भी इस बंद को अपना पूर्ण समर्थन दिया है।

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शिक्षण संस्थान रह सकते हैं बंद

मोर्चा के प्रतिनिधियों का दावा है कि बंद के दौरान राज्य भर के प्रमुख बाजार और सार्वजनिक परिवहन सेवाएं ठप रहेंगी। इसके साथ ही प्रदर्शनकारी सड़कों पर यातायात रोकने की तैयारी में हैं। आयोजकों ने सरकार और रेल प्रशासन से ट्रेन सेवाएं स्थगित करने की अपील की है और चेतावनी दी है कि रेल सेवा जारी रहने की स्थिति में पटरी जाम की जा सकती है। इसके अलावा, स्कूल और कॉलेजों में भी छुट्टी रहने की संभावना है।

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आम जनता की सुविधा के लिए 7 घंटे का समय

आयोजकों ने साफ किया है कि आम लोगों पर भागीदारी के लिए कोई दबाव नहीं बनाया जाएगा। आम जनजीवन में कम से कम बाधा पहुंचे, इसीलिए 7 घंटे की समय-सीमा तय की गई है।

इस दौरान इमरजेंसी सेवाएं पूरी तरह चालू रहेंगी। अस्पताल, मेडिकल स्टोर, एम्बुलेंस और हवाई अड्डे जाने वाले यात्रियों को नहीं रोका जाएगा। परीक्षा देने जा रहे छात्रों और शादी-समारोह में शामिल होने वाले लोगों को भी आवाजाही की छूट दी जाएगी।

पुलिस और प्रशासन पर जबरन कार्रवाई के आरोप

मोर्चा नेताओं ने पंजाब सरकार और पुलिस पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ अत्यधिक बल प्रयोग करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं पर आंसू गैस के गोले दागे गए और मुकदमे दर्ज किए गए।

मुख्यमंत्री भगवंत मान पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि सरकार आंदोलनकारियों के मानवाधिकारों की रक्षा करने में नाकाम रही है। मोर्चा ने पंजाब के लोगों से शांतिपूर्ण तरीके से बंद को सफल बनाने की अपील की है।

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Rohit Singh

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रोहित सिंह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, समाज, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और शैक्षणिक लेख लिखने में दिलचस्पी रखते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से पोलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन और जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं।

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