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ममता को अब महसूस हो गया है कि वह बंगाल में जनाधार खो चुकी हैं, गोत्र पर बोलना हताशा का संकेत : जावड़ेकर

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने बुधवार को कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी को अब महसूस हो चुका है कि पश्चिम बंगाल में वह जनाधार खो चुकी हैं।
ममता को अब महसूस हो गया है कि वह बंगाल में जनाधार खो चुकी हैं, गोत्र पर बोलना हताशा का संकेत : जावड़ेकर
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने बुधवार को कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी को अब महसूस हो चुका है कि पश्चिम बंगाल में वह जनाधार खो चुकी हैं और वह हताशा में अपने ‘गोत्र’ के बारे में बोल रही हैं, लेकिन इस ‘नाटक’ की मदद से उनकी पार्टी को विधानसभा चुनाव जीतने में कोई मदद नहीं मिलेगी।
जावड़ेकर ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘‘आप अपने गोत्र के बारे में बोल रही हैं और ‘जय श्री राम’ का विरोध कर रही हैं, दुर्गा पूजा के दौरान माता दुर्गा के प्रतिमा विसर्जन की भी अनुमति आपने नहीं दी। लोग अब सब समझ रहे हैं कि कौन वास्तविक है और कौन नहीं।’’
भाजपा नेता ने दावा किया कि राज्य की जनता भाजपा को सत्ता सौंपने का मन बना चुकी है और लोकसभा चुनाव परिणाम ने (ममता) बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस को खारिज करने की जनता की इच्छा का संकेत दे दिया था। नंदीग्राम में चुनाव अभियान समाप्त करने के दौरान पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने भाषण के दौरान कहा था कि उनका गोत्र शांडिल्य है।
ममता ने नंदीग्राम में कहा था, ‘‘मैं एक मंदिर में गयी थी, जहां पुजारी ने मुझसे मेरा गोत्र पूछा था। मैने उन्हें कहा -मां, माटी, मानुष’ लेकिन असल में मैं शांडिल्य हूं।’’ मुख्यमंत्री नंदीग्राम से चुनाव मैदान में हैं जहां उनका मुख्य मुकाबला उनके पूर्व सहयोगी और अब भाजपा उम्मीदवार शुभेंदु अधिकारी से है।
जावड़ेकर ने बनर्जी को याद कराया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी अपने ‘गोत्र’ के बारे में बोला था, और उनकी पार्टी ‘बुरी तरह’ चुनाव हार गयी। उन्होंने कहा, ‘‘अब वह अपना गोत्र बता रही हैं और वह भी बुरी तरह से हारेंगी क्योंकि इससे यह पता चलता है कि वह वास्तविक नहीं हैं क्योंकि चुनाव की पूर्व संध्या पर वह अपने गोत्र के बारे में बता रही हैं।’’
जावड़ेकर ने कहा कि अपने गोत्र का खुलासा करने से तृणमूल कांग्रेस को कोई मदद नहीं मिलेगी। भाजपा ने आरोप लगाया है कि चुनाव को देखते हुये अब ममता बनर्जी को हिंदू होने की याद आ रही है हालांकि उन्होंने अपने शासन के दौरान अल्पसंख्यक समुदाय के तुष्टिकरण की नीति का पालन किया। इस पर तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा पर सांप्रदायिक विभाजन का प्रयास करने का आरोप लगाया।
जावड़ेकर ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘यह हताशा की पराकाष्ठा है। उन्हें (ममता को) यह महसूस हो चुका है कि उन्होंने आधार खो दिया है और अंतिम क्षणों में ऐसे नाटक काम नहीं करते हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में बंगाल की आवाम ने तृणमूल कांग्रेस को खारिज कर दिया और इस बार वह पूरी तरह से बाहर हो जायेंगी और भाजपा सत्ता में आयेगी।
ममता बनर्जी की तरफ से पार्टी के भीतर ‘गद्दार’ का पता लगाने की धमकी के बारे में जावड़ेकर ने कहा कि यह भी हताशा का एक संकेत है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता ने लोकसभा चुनाव में यह बता दिया था कि वे तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ हैं और भाजपा के साथ हैं। उन्होंने दावा किया कि यही कारण है कि भाजपा बंगाल चुनाव जीतेगी।
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